मुंबई: मॉर्निंग वॉक पर जाने वाले नागरिकों को अब मुंबई की सड़कें गंदी नहीं मिलेंगी। बीएमसी कमिश्नर आई़ एस़ चहल ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि लोगों के मॉर्निंग वॉक पर जाने से पहले ही प्रमुख सड़कों पर सफाई का काम पूरा कर लिया जाए, ताकि सुबह की सैर पर आने वालों को कोई परेशानी न हो। बीएमसी के अडिशनल कमिश्नर डॉ. सुधाकर शिंदे ने मुंबई के 24 वॉर्ड अधिकारियों को प्रमुख मॉर्निंग वॉक वाली सड़कों के बारे में जानकारी लेने और उसके अनुसार योजना बनाने का निर्देश दिया गया है।
बीएमसी ने मुंबई को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए दिसंबर, 2023 से प्रत्येक सप्ताह में बड़े पैमाने पर डीप क्लीनिंग अभियान शुरू किया है। अब तक मुंबई के दस से अधिक वॉर्डों में काम भी शुरू हो चुका है। सफाई अभियान सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक चलाया गया। इसमें गलियों में कूड़ा-कचरा साफ करना, सड़क की सफाई करना, सड़कों और फुटपाथों पर झाड़ू लगाना, सार्वजनिक शौचालयों की सफाई और कीटनाशकों का छिड़काव, सार्वजनिक दीवारों की सफाई और सौंदर्यीकरण जैसे काम किए जा रहे हैं। साथ ही, बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए बड़े पैमाने पर सड़कों को पानी से धो रही है।
357 सड़कें होंगी साफ
सभी 24 वॉर्डों में 60 फीट से अधिक चौड़े और व्यस्त फुटपाथों की सफाई और धुलाई की जा रही है। इसमें कुल 357 सड़कें शामिल हैं। सड़क की धूल साफ करने के लिए रीसाइकल पानी के साथ-साथ तालाबों, कुओं, बोरवेल जैसे स्थानीय जल स्रोतों से उपलब्ध पानी का उपयोग किया जा रहा है।
समस्या से निपटने को बीएमसी की तैयारियां
सफाई का काम शुरू करते हुए बीएमसी ने सुबह की सैर से पहले सड़क की सफाई का महत्वपूर्ण काम शुरू करने का फैसला किया है, जिससे सुबह मॉर्निंग वॉक के लिए आने वालों को धूल से परेशानी न हो। डॉ. सुधाकर शिंदे ने बताया कि इस संबंध में सभी 24 वॉर्डों के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। वॉर्ड में मॉर्निंग वॉक की प्रमुख सड़कों, सबसे ज्यादा वॉक करने वालों वाली सड़कों आदि को चिन्हित कर उसके बारे में जानकारी इकट्ठा करने का आदेश दिया गया है। उन्होंने कहा कि सड़कों को झाड़ू से साफ करना, सड़कों को पानी से धोना या सड़क के मलबे का निपटारा करने जैसे महत्वपूर्ण कार्यों की योजना बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
शिंदे की मुहिम सफल बनाने की पहल
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के निर्देश पर मुंबई में बड़े पैमाने पर साफ-सफाई अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान की वजह से उस समय भी सड़कों की धुलाई और सफाई की जाती है, जब लोगों की आवाजाही शुरू रहती है। इसकी तमाम शिकायतें लोगों ने बीएमसी से की हैं, जिनमें उन्हें सड़कों की सफाई के चलते धूल और मिट्टी का सामना करना पड़ता है। इसमें मॉर्निंग वॉक जाने वाले सीनियर सिटिजन भी शामिल हैं। कई लोगों ने शिकायत की है कि धूल की वजह से उन्हें सांस लेने में भी परेशानी होती है। इसके बाद बीएमसी ने इस समस्या के समाधान के लिए मॉर्निंग वॉक से पहले शहर और उपनगर की प्रमुख सड़कों की धुलाई का निर्णय लिया है।
