
आज का कारोबारी सत्र निवेशकों के लिए सतर्कता और ठहराव वाला रहा। आईटी और एफएमसीजी की कमजोरी के बावजूद रियल्टी की मजबूती और इंडिया विक्स में आई गिरावट यह बताती है कि बाजार बड़ी गिरावट से बचते हुए एक मजबूत संतुलन बनाने की कोशिश कर रहा है।
भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को कारोबार का अंत बेहद सुस्त माहौल में हुआ। पूरे दिन के उतार-चढ़ाव के बाद दोनों प्रमुख सूचकांक लगभग सपाट स्तर पर बंद हुए। दिग्गज आईटी और एफएमसीजी कंपनियों के शेयरों में आई गिरावट ने बाजार पर लगातार दबाव बनाए रखा। हालांकि, रियल्टी सेक्टर में देखी गई मजबूत खरीदारी ने निचले स्तरों पर बाजार को सहारा दिया, जिससे बड़ी गिरावट टल गई।
सेंसेक्स और निफ्टी के बंद आंकड़े
कारोबार की समाप्ति पर बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक सेंसेक्स 135.03 अंक टूटकर 75,183.36 के स्तर पर सेटल हुआ। पिछले कारोबारी सत्र में सेंसेक्स 75,318.39 के स्तर पर बंद हुआ था। दूसरी ओर, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 इंडेक्स भी महज 4.30 अंकों की मामूली गिरावट के साथ 23,654.70 के स्तर पर बंद हुआ, जो इससे पिछले सत्र में 23,659 पर था।
रियल्टी चमका, आईटी-एफएमसीजी पस्त
सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो गुरुवार का दिन आईटी और एफएमसीजी कंपनियों के लिए निराशाजनक रहा। इन दोनों क्षेत्रों के बड़े शेयरों में मुनाफावसूली हावी रही। इसके उलट रियल्टी क्षेत्र के शेयरों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बाजार को संभालने का जिम्मा उठाया। बड़े शेयरों में सुस्ती के बीच छोटे शेयरों में रौनक दिखाई दी, जिससे निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स लगभग 0.63 फीसदी की बढ़त बनाने में कामयाब रहा।
दिग्गज शेयरों की चाल और घटती अस्थिरता
आज के कारोबार में निफ्टी के टॉप लूजर्स में बजाज फाइनेंस, हिंदुस्तान यूनिलीवर, टेक महिंद्रा, इंफोसिस और बजाज फिनसर्व शामिल रहे। वहीं दूसरी ओर ग्रासिम, इंडिगो, अपोलो हॉस्पिटल, बजाज ऑटो और ट्रेंट के शेयरों में तेजी दर्ज की गई और ये टॉप गेनर्स बनकर उभरे। इस बीच, बाजार में उतार-चढ़ाव को दर्शाने वाला सूचकांक इंडिया विक्स 3.36 प्रतिशत गिरकर 17.82 पर आ गया, जो निवेशकों के बीच घटती घबराहट और कम होती अस्थिरता का स्पष्ट संकेत है।

