Israel Hamas War: पत्‍नी, बेटा, बेटी, पोता… गाजा में अल जजीरा के पत्रकार के घर में मौत का तांडव

Israel Hamas War: इजरायल के गाजा में हवाई हमले तेज करने की वजह से आम लोगों की मौत का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है. रात को इजरायली सेना के हवाई हमले में अल जजीरा के रिपोर्टर वाएल अल-दहदौह के पूरे परिवार की मौत हो गई. अपनों को खोने के बाद से वाएल अल-दहदौह सदमे में हैं. उनके परिवार से पत्नी, बेटा, बेटी और पोते की मौत हुई है.

बताया गया है कि पिछले दिनों इजरायली सेना की ओर से गाजा के उत्तरी हिस्से को खाली करने की चेतावनी दी गई थी. इसके बाद से ही अल जजीरा के ब्यूरो चीफ वाएल अल-दहदौह अपने परिवार के साथ वहां से निकलकर मध्य गाजा में नुसीरत शिविर में चले गए थे. उनका परिवार शिविर में ही रह रहा था.

पूरा परिवार हो गया खत्म

अचानक देर रात हवाई हमले में अल-दहदौह की पत्नी, बेटा, बेटी और पोते की मौत हो गई. द गार्जियन की रिपोर्ट के मुताबिक, अल-दहदौह के परिवार के अन्य सदस्य मलबे के नीचे दब गए. अल जजीरा के एक क्लिप में अल-दहदौह रोते हुए भी दिख रहे हैं. वह तब रोने लगे जब उन्होंने दीर अल-बलाह में अल-अक्सा शहीद अस्पताल के मुर्दाघर में अपने परिवार के शवों को देखा.

‘इस तरह के हमले का अंदेशा था’

अस्पताल से बाहर निकलने के दौरान अल जजीरा से बात करते हुए अल-दहदौह ने कहा: “जो हुआ वह स्पष्ट है. यह बच्चों, महिलाओं और नागरिकों पर लक्षित हमलों की एक श्रृंखला है. मैं ऐसे ही एक हमले के बारे में यरमौक से रिपोर्ट कर रहा था तभी इज़रायली सेना ने नुसीरात सहित कई क्षेत्रों को निशाना बनाया. मुझे लग रहा था कि इजरायली सेना इन लोगों को दंडित किए बिना जाने नहीं देगी और दुख की बात है कि वही हुआ.”

अल जजीरा ने की घटना की निंदा

अल जजीरा ने एक बयान में कहा: “अल-दाहदौह के घर को गाजा के केंद्र में नुसीरत शिविर में निशाना बनाया गया था, जहां उन्होंने इजरायल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू के आह्वान के बाद अपने पड़ोस में शुरुआती बमबारी से विस्थापित होने के बाद शरण मांगी थी. हम गाजा में निर्दोष नागरिकों को अंधाधुंध निशाना बनाने और उनकी हत्या की कड़ी निंदा करते हैं. जिसके कारण वाएल अल-दाहदौह के परिवार और अनगिनत अन्य लोगों की जान चली गई.”

अब तक 6500 से अधिक लोगों की गई जान

बता दें कि गाजा में इजरायली हमलों में 6,500 से अधिक लोग मारे गए हैं. 7 अक्टूबर को इजरायली हवाई हमले में करीब 1,400 लोगों की मौत हुई थी. इज़रायली बमबारी से लगभग 600,000 लोग अपने घरों से विस्थापित हो गए हैं. फलस्तीनी पत्रकार संघ के अनुसार, गाजा पीड़ितों में 22 से अधिक पत्रकार शामिल हैं.

यूएन ने दी सहायता अभियान बंद करने की चेतावनी

वहीं, इन सबसे अलग संयुक्त राष्ट्र ने चेतावनी दी है कि यदि ईंधन नहीं आने दिया गया तो गाजा सहायता अभियान जल्द ही बंद कर दिया जाएगा. इज़राइल और उसके सहयोगियों ने अब तक युद्धविराम के आह्वान को खारिज कर दिया है, जिसके बारे में व्हाइट हाउस का तर्क है कि इससे केवल हमास को फायदा होगा. अमेरिका ने पिछले सप्ताह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के उस प्रस्ताव के मसौदे को वीटो कर दिया था जिसमें गाजा के लोगों तक मानवीय सहायत पहुंचाने के लिए युद्ध को रोकने की बात कही गई थी.

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