सगे-सोयरे अध्यादेश जारी किया तो पूरी मुंबई को कर देंगे जाम, ओबीसी आंदोलनकर्ता हाके की शिंदे सरकार को चेतावनी

मुंबई: मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्ववाली महाराष्ट्र की महायुति सरकार मराठा और ओबीसी समाज के बीच की लड़ाई में बुरी तरह से फंस गई है। एक तरफ मराठा आंदोलनकारी मनोज जरांगे पाटिल मराठों और उनके सगे सोयरे (सगे-संबंधियों) को आरक्षण के लिए सरकार पर दबाव बनाए हुए हैं। मांग मंजूर नहीं करने पर महायुति के सभी 288 उम्मीदवारों को विधानसभा चुनाव में हराने की चेतावनी दे रहे हैं तो वहीं ओबीसी आरक्षण के पैरोकार लक्ष्मण हाके ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने सगे सोयरे अध्यादेश लागू किया तो वे मुंबई जाम कर देंगे। बता दें कि एक तरफ मनोज जरांगे पाटिल, मराठा समाज और उनके सगे संबंधियों के लिए ओबीसी कोटे से आरक्षण की मांग कर रहे हैं। निर्णय लेने के लिए उनकी तरफ से सरकार को दी गई 13 जुलाई की समय सीमा शनिवार को समाप्त हो गई है। इस मौके पर मनोज जरांगे की छत्रपति संभाजीनगर में होने वाली शांति रैली सभी की नजरे टिकी हैं। इस रैली में जरांगे के नए कदम की घोषणा से पहले ओबीसी नेता लक्ष्मण हाके ने राज्य सरकार को कड़ी चेतावनी दी है। लक्ष्मण हाके ने कहा है कि सरकार यदि सगे-सोयरे अध्यादेश जारी करती है और मराठा समाज को ओबीसी कोटे से आरक्षण देने का निर्णय लेती है को हम मुंबई जाम कर देंगे।

सीएम शिंदे से की अपील
शुक्रवार को नवनाथ वाघमारे के साथ सांगोला तलसील पहुंचे लक्ष्मण हाके ने ओबीसी समाज के लोगों को संबोधित करने के दौरान ओबीसी नेता और महाराष्ट्र के मंत्री छगन भुजबल पर आपत्तिजनक टिप्पणी के लिए मनोज जरांगे की आलोचना की। हाके ने सीएम शिंदे को याद दिलाया कि वे राज्य के 12 करोड़ लोगों का नेतृत्व कर रहे हैं। जिनमें 60 प्रतिशत लोग ओबीसी समाज के हैं और ओबीसी समाज ने महायुति को वोट दिया है। इसलिए सगे-सोयरे अध्यादेश लागू न करें, ऐसी अपील भी उन्होंने की। इससे सीएम शिंदे एक तरफ मनोज जरांगे पाटिल को दिए गए वचन और दूसरी तरफ लक्ष्मण हाके की चेतावनी से राज्य सरकार दुविधा में फंस गई है।

जरांगे को दी चुनौती
ओबीसी आरक्षण के पैरोकार लक्ष्मण हाके ने मनोज जरांगे पाटिल को चुनौती देते हुए कहा कि वह 288 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े करने की चेतावनी दे रहे हैं, तो वे ऐसा करके देख लें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *