Close Menu
    What's Hot

    नाबालिग छात्र, बेरहमी से कत्ल और टीचर की खूनी साजिश… दहला देगी कानपुर के कुशाग्र कनोडिया हत्याकांड

    January 23, 2026

    बॉलीवुड के ल‍िए लकी है 26 जनवरी, फिल्मों ने की बंपर कमाई, बॉर्डर-2 बनाएगी रिकॉर्ड?

    January 23, 2026

    🔴 BREAKING NEWS | CLEAN ENERGY CORPORATE UPDATE रिलायंस इंडस्ट्रीज़ ने 16 क्लीन एनर्जी सहायक कंपनियों का किया विलय रिलायंस न्यू एनर्जी लिमिटेड के तहत ग्रीन एनर्जी सेक्टर में बड़ा रणनीतिक कदम मुंबई | 21 जनवरी 2026

    January 23, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    jankalyan time
    Facebook X (Twitter) Instagram
    jankalyan time
    Home»Uttarakhand»Uttarkashi Cloudburst: बादल फटने से नहीं आई धराली में इतनी भयानक आपदा, वैज्ञानिकों ने बताई असली वजह
    Uttarakhand

    Uttarkashi Cloudburst: बादल फटने से नहीं आई धराली में इतनी भयानक आपदा, वैज्ञानिकों ने बताई असली वजह

    जनकल्याण टाइमBy जनकल्याण टाइमAugust 8, 2025No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram Copy Link
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Copy Link

    धराली में आई आपदा को लेकर वैज्ञानिकों ने अपने तर्क दिए हैं। धराली के पीछे डेढ़-दो किलोमीटर लंबा और बेहद घना जंगल है। जिस खीर गाड से फ्लैश फ्लड (अचानक बाढ़) आया वो उन्हीं जंगलों से होकर गुजरता है।

    उत्तरकाशी जिले के धराली गांव में मंगलवार को आई भयानक आपदा की वजह बादल फटना नहीं है। क्योंकि मौसम विभाग के मुताबिक 4-5 अगस्त को वहां पर 8 से 10 मिमी ही बारिश हुई जबकि बादल फटने के समय 100 मिमी से ज्यादा बारिश होती है। यह कहना है वैज्ञानिकों का। उनका कहना है कि इसकी वजह भूस्खलन से पानी का प्रवाह रुकने से अस्थाई झील बनना, पर्वत की तलहटी पर रुके पानी में ग्लेशियर या चट्टान का गिरना या फिर फ्लैश फ्लड हो सकती है।पूर्व वैज्ञानिक डॉ. डीपी डोभाल बताते हैं कि धराली फ्लड प्लेन में बसा है। धराली के पीछे डेढ़-दो किलोमीटर लंबा और बेहद घना जंगल है। जिस खीर गाड से फ्लैश फ्लड (अचानक बाढ़) आया वो उन्हीं जंगलों से होकर गुजरता है। उसके ऊपर बर्फीला पर्वत है लेकिन जिस गति से फ्लैश फ्लड आया है वो बादल फटने जैसा नहीं है।

    धराली और उसके अगल-बगल बेहद संकरी घाटी और ऊंचे पहाड़

    बादल फटने पर आने वाला बहाव पहले धीमा फिर तेज होता है। जबकि धराली में इसकी गति ऊपर जंगल में किसी अस्थाई झील या पानी जमाव जैसी स्थिति को दर्शाता है। फिर बादल फटने का मतलब एक घंटे में 100 मिमी से ऊपर बारिश होना होता है। उन्होंने बताया कि धराली और उसके अगल-बगल बेहद संकरी घाटी और ऊंचे पहाड़ हैं।

    ऐसे में कोई ग्लेशियर टूटकर अस्थाई झील या जमे हुए पानी पर गिरता है तो उसे तोड़ देता है, इसी वजह से जो पानी नीचे आया वह काले रंग का और मलबा स्लेटी रंग का है। ऐसा पानी और मलबा जमे हुए स्थान के टूटने से आता है। जैसा 2021 में चमोली जिले के ऋषिगंगा हादसे में अस्थाई झील में जमा मलबा बहकर नीचे आया था।

    वहीं 2013 में केदारनाथ आपदा के समय चोराबारी झील के टूटने से आए सैलाब की थी। उन्होंने कहा कि आमतौर पर 3-4 हजार मीटर की ऊंचाई पर बारिश नहीं होती, बर्फबारी होती है लेकिन पर्यावरण बदलाव और बढ़ते तापमान से ये पैटर्न बदल गया है। अब लगातार बारिश होगी तो उससे ग्लेशियर टूटेंगे, ये ग्लेशियर किसी अस्थाई झील पर गिरे तो झील टूटकर तेजी से नीचे की तरफ आएगी।

    धराली की तबाही के वीडियो को देखें तो ऐसा लग रहा है कि सैलाब किसी चीज के अचानक टूटने से बहुत तेजी से नीचे आया। इसमें पानी के साथ लूज मटीरियल (बर्फ, पत्थर, रेत, बजरी) भी है जो खड़ी ढलान होने की वजह से ऊपर के सारे पदार्थ को नीचे ले आया।

    वाडिया हिमालय भूविज्ञान संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ मनीष मेहता का कहना है कि इस आपदा की वजह सेटेलाइट इमेज के आने पर ही समझी जा सकती है। हालांकि पूर्व के अनुभवों व अध्ययन से इसके तीन-चार कारण माने जा सकते हैं। जिसमें ग्लेशियर टूटना, भूस्खलन से बनी अस्थाई झील का टूटना, फ्लैश फ्लड हो सकते हैं।

    जब तक सेटेलाइट तस्वीरें नहीं आती और वैज्ञानिकों का दल वहां का दौरा नहीं करता, इसकी ठोस वजह बताना मुश्किल है। हालांकि अब तक आपदा के किए गए अध्ययन से माना जा रहा है कि ग्लेशियर टूटना, भूस्खलन से बनी झील का टूटना, फ्लैश फ्लड इसकी वजह हो सकती है।

    Follow on Google News Follow on Flipboard
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Previous Articleहिंदी बोलने की रिक्वेस्ट पर आग-बबूला हुईं काजोल, यूजर्स बोले- तो फिर Hindi फिल्में करना भी बंद कर दो
    Next Article 🎤 प्रेरणादायक संदेश प्रस्तुतकर्ता – राजेश लक्ष्मण गवड़े जन कल्याण टाइम न्यूज़, मुंबई
    जनकल्याण टाइम

    Related Posts

    केदारनाथ हेलीकॉप्टर दुर्घटना

    June 15, 2025

    सीएम योगी की राह पर सीएम धामी, उत्तराखंड में 17 जगहों के बदले गए नाम

    April 1, 2025

    उत्तराखंड में अवैध मदरसों पर हो रही कार्रवाई की कांग्रेस ने किया विरोध

    March 27, 2025

    इस बार चालकों-परिचालकों को आराम करने की सुविधा देगी सरकार

    March 26, 2025

    उत्‍तराखंड में अवैध मदरसों पर कार्रवाई जारी, हरिद्वार में 14 मदरसे सील

    March 26, 2025

    देवभूमि उत्तराखंड में चार धाम यात्रा की तैयारियां तेज

    March 25, 2025
    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Economy News

    नाबालिग छात्र, बेरहमी से कत्ल और टीचर की खूनी साजिश… दहला देगी कानपुर के कुशाग्र कनोडिया हत्याकांड

    By जनकल्याण टाइमJanuary 23, 2026

    कानपुर के कुशाग्र कनोडिया हत्याकांड में अदालत का बड़ा फैसला आया है. इस मामले में…

    बॉलीवुड के ल‍िए लकी है 26 जनवरी, फिल्मों ने की बंपर कमाई, बॉर्डर-2 बनाएगी रिकॉर्ड?

    January 23, 2026

    🔴 BREAKING NEWS | CLEAN ENERGY CORPORATE UPDATE रिलायंस इंडस्ट्रीज़ ने 16 क्लीन एनर्जी सहायक कंपनियों का किया विलय रिलायंस न्यू एनर्जी लिमिटेड के तहत ग्रीन एनर्जी सेक्टर में बड़ा रणनीतिक कदम मुंबई | 21 जनवरी 2026

    January 23, 2026
    Top Trending

    नाबालिग छात्र, बेरहमी से कत्ल और टीचर की खूनी साजिश… दहला देगी कानपुर के कुशाग्र कनोडिया हत्याकांड

    By जनकल्याण टाइमJanuary 23, 2026

    कानपुर के कुशाग्र कनोडिया हत्याकांड में अदालत का बड़ा फैसला आया है.…

    बॉलीवुड के ल‍िए लकी है 26 जनवरी, फिल्मों ने की बंपर कमाई, बॉर्डर-2 बनाएगी रिकॉर्ड?

    By जनकल्याण टाइमJanuary 23, 2026

    रिपब्लिक डे पर हर साल कोई ना कोई बॉलीवुड फिल्म रिलीज होती…

    🔴 BREAKING NEWS | CLEAN ENERGY CORPORATE UPDATE रिलायंस इंडस्ट्रीज़ ने 16 क्लीन एनर्जी सहायक कंपनियों का किया विलय रिलायंस न्यू एनर्जी लिमिटेड के तहत ग्रीन एनर्जी सेक्टर में बड़ा रणनीतिक कदम मुंबई | 21 जनवरी 2026

    By जनकल्याण टाइमJanuary 23, 2026

    देश की सबसे बड़ी निजी क्षेत्र की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज़ लिमिटेड (RIL)…

    Subscribe to News

    Get the latest sports news from NewsSite about world, sports and politics.

    Advertisement
    Demo
    Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram

    News

    • World
    • US Politics
    • EU Politics
    • Business
    • Opinions
    • Connections
    • Science

    Company

    • Information
    • Advertising
    • Classified Ads
    • Contact Info
    • Do Not Sell Data
    • GDPR Policy
    • Media Kits

    Services

    • Subscriptions
    • Customer Support
    • Bulk Packages
    • Newsletters
    • Sponsored News
    • Work With Us

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.
    • Privacy Policy
    • Terms
    • Accessibility

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.