सोल. परमाणु हथियारों के जखीरे पर बैठे उत्तर कोरिया के लीडर किम जोंग-उन ने एक बार फिर अमरीका और दक्षिण कोरिया जैसे ‘दुश्मन देशों’ को धमकी देते हुए कहा है कि कोई हमें उकसाएगा तो हम परमाणु हमला करने से नहीं हिचकिचाएंगे। अपनी इंटर कॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) के हालिया प्रक्षेपण अभ्यास के दौरान सैनिकों से मुलाकात में किम ने कहा कि हमारी सैन्य गतिविधि व परमाणु रणनीति, आक्रामक जवाबी कार्रवाई के लिए पूरी तरह तैयार है। दुश्मन हमें उकसाता है तो हम परमाणु हमला करने में देर नहीं करेंगे। दरअसल, इससे पहले दक्षिण कोरियाई और अमरीकी रक्षा अधिकारियों ने पिछले सप्ताह मुलाकात की थी, जो किम की नाराजगी की नई वजह है।
अमरीका तक हमला कर सकती हैं : उत्तर कोरिया ने अपनी परमाणु ताकत में इजाफा करने के लिए ठोस ईंधन वाली आइसीबीएम का इस्तेमाल किया था। इन्हें तुरंत दागा जा सकता है, क्योंकि लॉन्च से पहले ईंधन भरने की जरूरत नहीं होती है। यह मिसाइल अमरीका तक हमला कर सकती है।
अब टेस्ट फायर नहीं सीधे लॉन्च ड्रिल
उत्तर कोरिया ने परमाणु हथियार लॉन्च करने के लिए नई मिसाइलों को तैयार करना जारी रखा है। जिसमें तरल और ठोस ईंधन वाली लंबी दूरी की आइसीबीएम, सामरिक हथियार पहुंचाने के लिए कम दूरी की मिसाइलें और इसकी पहली परमाणु-सशस्त्र क्रूज मिसाइलें शामिल हैं। हाल में आइसीबीएम लॉन्चिंग के लिए उत्तर कोरिया द्वारा ‘टेस्ट फायरिंग’ के बजाय ‘लॉन्च ड्रिल’ शब्द का उपयोग यह दर्शाता है कि देश बड़े पैमाने पर ह्वासोंग-18 आइसीबीएम का उत्पादन और तैनाती करने के लिए तैयार है।
किम जोंग की नई परमाणु नीति: परमाणु हथियारों के इस्तेमाल को लेकर किम जोंग उन ने पिछले साल संविधान में नीति बदल दी थी। सितंबर में किम जोंग उन ने उत्तर कोरिया को परमाणु शक्ति संपन्न देश घोषित किया था और कहा था कि यह स्थिति ‘अपरिवर्तनीय’ है। उन्होंने बताया कि हम हथियार युद्ध रोकने के मकसद से नहीं बना रहे बल्कि इनका इस्तेमाल हमला करने के लिए और युद्ध जीतने के लिए भी किया जा सकता है।
