
77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर भारत सरकार ने 2026 के पद्म भूषण पुरस्कार विजेताओं की घोषणा की है. इस लिस्ट में बॉलीवुड की दिग्गज सिंगर अलका याग्निक का नाम भी शामिल हैं. ऐसे में आइए जानते हैं कि बॉलीवुड में अबतक अलका याग्निक का सफर कैसा रहा.
अलका याग्निक का जन्म 20 मार्च 1966 को कोलकाता के एक मिडिल क्लास फैमिली में हुआ था. उनकी मां शुभा याग्निक भी एक शास्त्रीय सिंगर थीं. ऐसे ये कहना गलत नहीं होगा कि संगीत अलका के खून में था.
अलका ने महज 6 साल की उम्र में आकाशवाणी (All India Radio) के लिए गाना शुरू कर दिया था. इसके बाद महज 10 साल की उम्र में सिंगर की मां उन्हें मुंबई लेकर आ गई.
मुंबई आने के बाद अलका की मुकालात इंडस्ट्री के शो-मैन कहने जाने वाले राज कपूर से हुई. राज कपूर अलका की आवाज से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने सिंगर को महान संगीतकार लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल के पास भेज दिया.
फिर क्या था अलका की मेहनत रंग लाई और 1980 में फिल्म ‘पायल की झंकार’ से उन्होंने बॉलीवुड में अपना पहला कदम रखा. इसके बाद ‘लावारिस’ का गाना ‘मेरे अंगने में’ ने उन्हें फेमस किया.
हालांकि साल 1988 में आई फिल्म ‘तेजाब’ न सिर्फ माधुरी दीक्षित के लिए टर्निंग पॉइंट साबिक हुई बल्कि सिंगर अलका को फिल्म के ‘एक दो तीन…’ गाने ने घर-घर फेमस कर दिया. इस गाने की वजह से उन्हें पहला फिल्मफेयर अवॉर्ड भी मिला
पर्सनल लाइफ के बारे में बात करे तो अलका ने 1989 में शिलॉन्ग के बिजनेसमैन नीरज कपूर से शादी की थी. हालांकि ये रिश्ता जल्द ही खत्म हो गया. अब अलका काफी समय से अकेले ही रह रही है.
हालांकि इसका असर उनके संगीत और गाने पर कभी नहीं पड़ा. अलका ने 90 के दशक में कुमार सानू-उदित नारायण और अभिजीत भट्टाचार्य के साथ एकछत्र राज किया. अब तक अलका 7 बार फिल्मफेयर सर्वश्रेष्ठ प्लेबैक सिंगर का खिताब जीत चुकी हैं.
साल 2023 में अलका याग्निक को तीसरी बार गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में शामिल किया गया था. उन्होंने इंटरनेशनल सिंगर टेलर स्विफ्ट और ड्रेक जैसे सिंगर्स को पछाड़ा था.
अपने 40 साल साल के लंबे करियर में अलका याग्निक ने करीब 25 भाषाओं में 22000 से ज्यादा गाने रिकॉर्ड किए हैं. वहीं बीबीसी के बेस्ट 40 गानों में 20 गाने तो अकेले अलका के ही थी.
करीब 2 साल पहले अलका याग्निक रेयर ‘सेंसरी नर्व हियरिंग लॉस’ का शिकार हो गई थीं. जिसे आसान भाषा में बहरापन भी कह सकते हैं. ये एक वायरल अटैक की वजह से हुआ था
हालांकि वो इस बीमारी से उबर गई और साल 2024 में आई फिल्म ‘अमर सिंह चमकीला’ में उन्होंने’नरम कालजा’ में अपनी आवाज दी थी. अब 2 बार राष्ट्रीय पुरस्कार जीतने वाली सिंगर पद्म पुरस्कार से सम्मानित होगी
