महाराष्ट्र में भी ‘INDIA’ को झटका, सीट शेयरिंग से पहले उद्धव गुट ने दिखाए तेवर

Date:

Share post:

Sanjay Raut on Congress: विपक्षी दलों के गठबंधन ‘इंडिया अलायंस’ (INDIA Alliance) में सीट बंटवारे को लेकर कोई सांठगांठ बनती नजर नहीं आ रही है। इस कारण अब सवाल उठ रहे हैं कि विपक्षी गठबंधन में शामिल कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दल 2024 के चुनाव में पीएम मोदी और बीजेपी को सत्ता से हटाने में कैसे सफल होंगे। कई बैठकों में मंथन के बावजूद अभी तक किसी भी राज्य में सीट शेयरिंग का फॉर्मूला तय नहीं हो सका है। इसके उलट कांग्रेस और क्षेत्रीय दलों के बीच सीट बंटवारे को लेकर कलह शुरू हो गई है।

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख व पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने गुरुवार को साफ कहा कि वे लोकसभा चुनाव में राज्य में कांग्रेस समेत किसी भी दल से गठबंधन नहीं करेंगी। इसके बाद आज महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे की पार्टी शिवसेना (यूबीटी) ने भी स्पष्ट कहा है कि वह राज्य की 48 में से 23 लोकसभा सीटों पर चुनाव लड़ेगी ही। क्योंकि वह पहले से राज्य की 23 सीटों पर चुनाव लड़ रही है।

शिवसेना (यूबीटी) के मुख्य प्रवक्ता संजय राउत ने कई बार राज्य की 23 सीटों पर चुनाव लड़ने की पार्टी की योजना के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि सीट शेयरिंग पर चर्चा कांग्रेस हाईकमान से होगी, क्योंकि राज्य के नेताओं के पास फैसला लेने का अधिकार नहीं और और बात बिगड़ जाती है।
मुंबई में प्रेस कांफ्रेंस के दौरान राज्यसभा सांसद राउत ने कहा, “महाराष्ट्र में सबसे बड़ी पार्टी शिवसेना ही है, उसका जनाधार अधिक है.. कांग्रेस एक राष्ट्रीय पार्टी है। हमारी बात कांग्रेस के बड़े नेताओं के साथ अच्छे रूप से चल रही है… हमने कहा कि हम महाराष्ट्र में लोकसभा के लिए हमेशा 23 सीटों पर लड़ते आए हैं। हमने पहले तय किया था कि जो जीती हुई सीटें हैं उन पर बाद में बात होगी… कांग्रेस ने महाराष्ट्र में कोई सीट नहीं जीती है, कांग्रेस महाराष्ट्र में जीरो से शुरूआत करेगी लेकिन कांग्रेस महाविकास अघाडी में हमारा महत्वपूर्ण साथी है। महाराष्ट्र में कांग्रेस, एनसीपी, शिवसेना मिलकर काम करेंगे और इससे हमें, एनसीपी या कांग्रेस हाईकमान को कोई तक़लीफ नहीं है।”
बता दें कि उद्धव गुट के तेवर ने न केवल इंडिया अलायंस, बल्कि सूबे की महाविकास अघाडी (एमवीए) में शामिल उसकी सहयोगी दलों की भी टेंशन बढ़ा दी है। 2019 में महाराष्ट्र में एमवीए का गठन हुआ, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे की शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी (शरद पवार गुट) शामिल है। लेकिन अकेले 23 सीटों की बड़ी हिस्सेदारी मांगने पर कांग्रेस और शरद पवार गुट में खींचतान बढ़ना तय है। एनसीपी भी इंडिया गठबंधन का हिस्सा है। ऐसे में बची हुई सिर्फ 25 सीटों में कांग्रेस और एनसीपी के साथ ही कुछ छोटी सहयोगी पार्टियों को समायोजित करना एक चुनौती होगी।

Related articles

🌧️ गोवा में भारी बारिश और तूफ़ानी हवाओं से हाहाकार गोवा में लगातार हो रही भारी बारिश और तेज़ हवाओं ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर...

Krishnakant Eknath payaji (Press photographer Goa) कई सड़कों पर जलभराव और यातायात ठप हो गया। बिजली के खंभे और पेड़...

📰 जनहित में जारी – बिहार के सरकारी और निजी स्कूलों में छेड़खानी के बढ़ते मामले प्रमुख घटनाएँ और विवरण

राजेश लक्ष्मण गावड़े मुख्य संपादक (जन कल्याण टाइम) आरा (जरोवरपुर) – सरकारी स्कूल का मामलाएक महिला रसोइया ने...

फेमस फैशन डिजाइनर को पहचानने से चूकीं जीनत अमान, बाद में हुआ पछतावा, मांगी माफी

बॉलीवुड की फेमस एक्ट्रेस जीनत अमान ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर पुराना किस्सा सुनाया है. जिसमें उन्होंने...