Maratha Reservation: महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण को लेकर भड़की हिंसा की चिंगारी पुणे तक पहुंच गई है। जिले के अलग-अलग हिस्सों में मराठा समुदाय (Maratha Protest) के लोग सड़कों पर उतर रहे हैं। मंगलवार को पुणे में मराठा आरक्षण आंदोलन के दौरान उपद्रव की घटनाएं भी हुईं। इसके मद्देनजर पुलिस ने कड़ा बंदोबस्त किया है।
मराठा प्रदर्शनकारियों के खिलाफ केस
पुणे शहर में मंगलवार को नवले ब्रिज (Navle Bridge) के पास मराठा आरक्षण समर्थकों ने प्रदर्शन किया और पुणे-बेंगलुरु राष्ट्रीय राजमार्ग-48 को अवरुद्ध कर दिया। इस दौरान नेशनल हाईवे पर टायर जलाये गए। जिससे ट्रैफिक की भारी समस्या खड़ी हो गयी। पुणे पुलिस ने इस मामले में लगभग 400-500 मराठा प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
पुणे पुलिस के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि 10 आरोपियों की पहचान की जा चुकी है और अन्य की पहचान करने की प्रक्रिया जारी है। प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सिंहगढ़ रोड पुलिस स्टेशन में आईपीसी की धारा 143, 146, 188,336 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुणे में एपीएमसी आज बंद (Pune APMC Close)
मराठा आरक्षण के समर्थन में पुणे के व्यापारी एकजुट हो गए है। छत्रपति शिवाजी महाराज मार्केट यार्ड में श्रमिक संघ ने आज एक दिन के लिए बाजार बंद करने का आह्वान किया है। मराठा नेता मनोज जरांगे पाटील की मराठा आरक्षण की मांग का समर्थन करने के लिए आज एपीएमसी के तहत आने वाले सभी व्यवसाय और व्यापार बंद कर दिए गए हैं।
करोड़ों रुपये का होगा नुकसान!
श्रमिक संघ के अध्यक्ष संतोष नागरे ने कहा, ‘…मराठा लोगों को आरक्षण मिलना चाहिए। मनोज जारांगे पाटिल पिछले 8 दिनों से अनशन पर बैठे हैं। उनका समर्थन करने के लिए, हमने एक बैठक बुलाई और हमने इस बाजार को एक दिन के लिए बंद रखने का फैसला किया… यहां रोजाना 20,000 से 25,000 लोग आते हैं… इस बाजार का रोजाना का कारोबार 15 करोड़ से 20 करोड़ रुपये तक है।‘
